आज मै बैठे बैठे boar हो रही थी | सोचा क्या करू ............क्या करू ?????
हर सुबह, हर शाम, हर रात में ये अल्फाज सुनती हु | पर आखिर ये ही क्या ?? जिसे सुनते हि मन में एक नयी उमंग सी आ जाती हैं| जिसे सुनते हि हमारे साथ भी हो जी, ऐसा लगे | क्या ये कोई जादू हैं ? क्या ये किसी के लिये कुछ खास अल्फाज बनाये गये हैं ??? हैं क्या आखिर ये ????
चलो , में ही बताती हुं,,,, लेकीन कहा से शुरुवात करू ???
तो ठीक हैं,, आज में " DOSTI........Something Special !!!" से ही शुरुवात करती हुं |
"DOSTI......."
"DOSTI............" नाम सुनते ही फटाक से उसका नाम, उसका चेहरा याद आ जाता हैं , जिसके साथ हमारा गहरा रिश्ता जुडा होता हैं | उसी को कहते हैं " DOSTI " ...
"प्यार !!!" इस अल्फाज में तो ढाई अक्षर हैं | फिर भी DOSTI के मायने मी प्यार कम हि हैं| दोस्ती इस अल्फाज में तो सिर्फ दो हि अक्षर हैं , फिर भी इसका असर इंतना गहरा हैं कि , कोई भी इससे बच नही सकता| इस DOSTI के पवित्र बंधन में एक दिल दुसरे दिल के साथ जुडा होता हैं | DOSTI का ये खुबसुरत रिश्ता जाने-अन्जाने में किसी के भी साथ जुडा जाता हैं | चाहे क्यू न वो दो लडके हो, या दो लडकीया , या एक लडका -एक लडकी | हर छोटे बडे में ये पवित्र रिश्ता बन जाता हैं |
कुछ लोग तो DOSTI में एक-दुसरे का नाम भी कुछ अलग रख देते हैं | जैसे कुछ दोस्तो को उनके दोस्त को देखकर कुछ याद आ जाता हैं , तो वे उनका नाम कुछ अलग Something Special रखते हैं | जैसे " KaViTa " (कविता) |
" KaViTa " (कविता) ये नाम कितना अलग और साधारण हैं , पर क्या किसी को पता हैं , इस नाम से किसी को कुछ कविताये याद आती हैं | जिसे उसे देखते ही कुछ लिखने , कुछ करने का का मन होता हैं |
सच कहते है , जब भी कोई मुसिबत हम पर आती है, तो उसी वक्त यही हमारा सच्चा दोस्त हमे साथ देता है | प्यार-मोह्हाबत से अच्छी तो ये दोस्ती ही है | प्यार हमारी आंखो मी आंसू लाता है , पर यही DOSTI हमारे होठो पर हसी लाती है |
FRINED'S FOREVER"DOSTI.........Something Special!!!!!"
सोचते-सोचते नजर गयी सामने मेज पर रखी notebook पर | तो फटाक से मन में ख्याल आया,, चलो आज कुछ "Something Special" लिखा जाये |
" Something Special !!!....................... Something Special !!!" क्या हैं ये ?????
हर सुबह, हर शाम, हर रात में ये अल्फाज सुनती हु | पर आखिर ये ही क्या ?? जिसे सुनते हि मन में एक नयी उमंग सी आ जाती हैं| जिसे सुनते हि हमारे साथ भी हो जी, ऐसा लगे | क्या ये कोई जादू हैं ? क्या ये किसी के लिये कुछ खास अल्फाज बनाये गये हैं ??? हैं क्या आखिर ये ????
चलो , में ही बताती हुं,,,, लेकीन कहा से शुरुवात करू ???
तो ठीक हैं,, आज में " DOSTI........Something Special !!!" से ही शुरुवात करती हुं |
"DOSTI......."
"DOSTI............" नाम सुनते ही फटाक से उसका नाम, उसका चेहरा याद आ जाता हैं , जिसके साथ हमारा गहरा रिश्ता जुडा होता हैं | उसी को कहते हैं " DOSTI " ...
"प्यार !!!" इस अल्फाज में तो ढाई अक्षर हैं | फिर भी DOSTI के मायने मी प्यार कम हि हैं| दोस्ती इस अल्फाज में तो सिर्फ दो हि अक्षर हैं , फिर भी इसका असर इंतना गहरा हैं कि , कोई भी इससे बच नही सकता| इस DOSTI के पवित्र बंधन में एक दिल दुसरे दिल के साथ जुडा होता हैं | DOSTI का ये खुबसुरत रिश्ता जाने-अन्जाने में किसी के भी साथ जुडा जाता हैं | चाहे क्यू न वो दो लडके हो, या दो लडकीया , या एक लडका -एक लडकी | हर छोटे बडे में ये पवित्र रिश्ता बन जाता हैं |
कुछ लोग तो DOSTI में एक-दुसरे का नाम भी कुछ अलग रख देते हैं | जैसे कुछ दोस्तो को उनके दोस्त को देखकर कुछ याद आ जाता हैं , तो वे उनका नाम कुछ अलग Something Special रखते हैं | जैसे " KaViTa " (कविता) |
" KaViTa " (कविता) ये नाम कितना अलग और साधारण हैं , पर क्या किसी को पता हैं , इस नाम से किसी को कुछ कविताये याद आती हैं | जिसे उसे देखते ही कुछ लिखने , कुछ करने का का मन होता हैं |
सच कहते है , जब भी कोई मुसिबत हम पर आती है, तो उसी वक्त यही हमारा सच्चा दोस्त हमे साथ देता है | प्यार-मोह्हाबत से अच्छी तो ये दोस्ती ही है | प्यार हमारी आंखो मी आंसू लाता है , पर यही DOSTI हमारे होठो पर हसी लाती है |
FRINED'S FOREVER




Nice Blog..!!
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